प्रयागराज में बसंत पंचमी स्नान पर उमड़े श्रद्धालु
उत्तर प्रदेश सरकार ने महा कुंभ 2025 में बसंत पंचमी के अवसर पर श्रद्धालुओं की भीड़ को नियंत्रित करने और सुगम यात्रा सुनिश्चित करने के लिए विशेष बसों की तैनाती की है।
उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) ने 2,500 बसों का विशेष बेड़ा तैयार किया है, जो अस्थायी बस स्टेशनों से संचालित होगा।
बसंत पंचमी पर उमड़ा आस्था का सैलाब
बसंत पंचमी, जो इस वर्ष 3 फरवरी को मनाई जा रही है, कुंभ मेले का एक महत्वपूर्ण पर्व है। इस दिन लाखों श्रद्धालु पवित्र संगम में स्नान करने के लिए प्रयागराज पहुंचते हैं।
सरकार द्वारा जारी एक रिपोर्ट के अनुसार, 2 फरवरी की शाम तक लगभग 35 करोड़ श्रद्धालु त्रिवेणी संगम में आस्था की डुबकी लगा चुके थे।
यूपी सरकार की विशेष बस सेवा
राज्य सरकार ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष बस सेवाओं की व्यवस्था की है। यूपीएसआरटीसी (UPSRTC) ने 2,500 बसों को चार अस्थायी बस स्टेशनों से संचालित करने का निर्णय लिया है, ताकि श्रद्धालुओं की वापसी सुगमता से हो सके।
बसों का प्रमुख आवंटन इस प्रकार है:
- झूंसी बस स्टैंड – 1,500 बसें
- बेला कछार बस स्टैंड – 600 बसें (लखनऊ जाने वाले यात्रियों के लिए)
- नेहरू पार्क बस स्टैंड – 300 बसें (कानपुर जाने वाले यात्रियों के लिए)
- मिर्जापुर और बांदा जाने वाले यात्रियों के लिए – 100 बसें
शटल बस सेवा हर दो मिनट पर
इसके अलावा, श्रद्धालुओं को अस्थायी बस स्टैंड और मुख्य मेला क्षेत्र तक पहुंचाने के लिए 550 शटल बसें तैनात की गई हैं। ये बसें हर दो मिनट पर उपलब्ध होंगी, ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके और यात्रा को सुगम बनाया जा सके।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए अन्य व्यवस्थाएं
बस सेवा के अलावा, सरकार ने अन्य महत्वपूर्ण व्यवस्थाएं भी की हैं:
- पार्किंग व्यवस्था – श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कुंभ मेला क्षेत्र के आसपास कई अस्थायी पार्किंग स्थल बनाए गए हैं।
- ट्रैफिक प्रबंधन – पुलिस और यातायात विभाग को भीड़ को नियंत्रित करने और यातायात सुचारू रखने के निर्देश दिए गए हैं।
- स्वास्थ्य सेवाएं – बस स्टेशनों और कुंभ मेला क्षेत्र में चिकित्सा शिविर लगाए गए हैं, जहां प्राथमिक चिकित्सा की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
- सुरक्षा के कड़े इंतजाम – सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन की मदद से सुरक्षा निगरानी की जा रही है।
बसंत पंचमी पर स्नान का महत्व
बसंत पंचमी को विद्या और ज्ञान की देवी सरस्वती की पूजा के रूप में मनाया जाता है। कुंभ में इस दिन स्नान का विशेष महत्व है, क्योंकि माना जाता है कि इस दिन संगम में स्नान करने से सभी पापों का नाश होता है और मोक्ष की प्राप्ति होती है।
श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण सुझाव
- कुंभ मेले में जाने से पहले यात्रा की पूरी योजना बना लें।
- सरकारी बस सेवाओं का उपयोग करें ताकि ट्रैफिक जाम से बचा जा सके।
- भीड़भाड़ वाले इलाकों में सावधानी बरतें और प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।
- अपने साथ कम सामान रखें और खो जाने पर हेल्पलाइन नंबर का उपयोग करें।
- ठंड के मौसम को देखते हुए गर्म कपड़े साथ रखें।
यूपी सरकार का कुंभ 2025 के लिए व्यापक प्रबंधन
यूपी सरकार ने महा कुंभ 2025 के सफल आयोजन के लिए व्यापक योजना बनाई है। बसंत पंचमी स्नान के बाद आने वाले प्रमुख स्नान पर्वों के लिए भी यातायात और परिवहन सुविधाओं को और मजबूत किया जाएगा।
महा कुंभ 2025 में यूपी सरकार की यह विशेष बस सेवा यात्रियों की यात्रा को सरल बनाने के साथ-साथ सुगम और सुरक्षित भी बना रही है। श्रद्धालु सरकार की इस सुविधा का लाभ उठाकर अपनी यात्रा को आनंदमय और स्मरणीय बना सकते हैं।
