क्या नेशनल परीक्षण एजेंसी बरकरार रख पाएगी अपना भरोसा
चंडीगढ़, 22 जून। नीट (एनईईटी) के परिणाम के बाद देशभर में मचे बवाल के बाद नेशनल परीक्षण एजेंसी के समक्ष अपने भरोसे को बरकरार रख पाने की भी चुनौती खड़ी हो गई है।
देश में नीट और नेट, एन-सीएटी तथा सीएसआईआर जैसी परीक्षाओं के प्रश्नपत्रों का लीक होना, रद्द व स्थगित होना न केवल युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ है बल्कि देश के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है।
एनट़ीए (नेशनल परीक्षण एजेंसी) जो इन परीक्षाओं को कंडक्ट करने वाली एजेंसी है, उसे अब लोग नो ट्रस्ट एजेंसी के नाम से भी पुकारना शुरू कर दिया है। देश भर में नेशनल परीक्षण एजेंसी की फजीहत हो रही है।
अब अभ्यार्थियों की तरफ से एजेंसी के समक्ष सवाल खड़े कर रहे हैं जिनके जबाव सुप्रीम कोर्ट के माध्यम से भी मांगे जाने की तैयारी की जा रही है।
एनटीए के समक्ष ये हैं संगीन सवाल
1 नए पंजीकरण के लिए विंडो फिर से क्यों खोली गई (संतोषजनक उत्तर दिया जाना चाहिए क्योंकि ऐसा पहले नहीं किया गया था)
2 इस सत्र के दौरान कितने उम्मीदवारों ने आवेदन किया
3 इन उम्मीदवारों का रिजल्ट क्या है
4 इन उम्मीदवारों का राज्यवार परिणाम क्या है
5 विंडो दोबारा खुलने के दौरान कितने उम्मीदवारों ने अपना परीक्षा केंद्र बदला
6 उन अभ्यर्थियों का परिणाम क्या है जिन्होंने अपना केंद्र बदल लिया
7 एनटीए ने परीक्षा के बीच में नियम क्यों बदले
8 विंडो दोबारा खुलने के दौरान आवेदन करने वाले इन अभ्यर्थियों का परीक्षा केंद्र क्या था
